Uncategorized

सरकारी परिसंपत्तियों की मैपिंग में लापरवाही पर डीएम डॉ. आशीष चौहान सख्त, 12 विभागों को कारण बताओ नोटिस के निर्देश

 

सरकारी परिसंपत्तियों की मैपिंग में लापरवाही पर डीएम डॉ. आशीष चौहान सख्त, 12 विभागों को कारण बताओ नोटिस के निर्देश

सरकारी परिसंपत्तियों को अतिक्रमण मुक्त कराने और उनकी सटीक सीमा तय करने के लिए जिला प्रशासन सख्त हो गया है। जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने कलेक्ट्रेट सभागार में सभी संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक लेते हुए माननीय उच्च न्यायालय एवं शासन के आदेशों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि सभी विभाग अपनी-अपनी परिसंपत्तियों का सेटेलाइट पॉलीगॉन मैप के आधार पर सीमा निर्धारण कर श्उत्तराखंड सरकारी परिसंपत्ति प्रणाली (यूके-जीएएमएस) पोर्टल पर अनिवार्य रूप से अपलोड करें। पोर्टल पर प्रदर्शित अतिक्रमण को हर हाल में तत्काल हटाया जाएगा।

जिलाधिकारी ने विजिलेंस, उच्च शिक्षा निदेशालय, शहरी विकास निदेशालय, सूचना प्रौद्योगिकी एजेंसी, राज्य संपदा विभाग, यूकॉस्ट सहित कार्य शुरू न करने वाले 12 विभागों को तत्काल ‘कारण बताओ नोटिस’ जारी करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि जिन विभागों की 100 से अधिक परिसंपत्तियों की पॉलीगॉन मैपिंग शेष है, उन्हें चेतावनी नोटिस जारी किया जाएगा। इस दौरान बताया गया कि जिले के 16 विभागों ने मैपिंग का कार्य शत-प्रतिशत पूर्ण कर लिया है, जबकि 41 विभागों में कार्य प्रगति पर है। शेष विभागों को युद्धस्तर पर काम निपटाने के आदेश दिए गए हैं।

*अधिकारियों की तय होगी जवाबदेही*
जिलाधिकारी ने सख्त लहजे में कहा कि माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों का अनुपालन प्राथमिक स्तर पर होना चाहिए। प्रगति न मिलने पर संबंधित विभागीय अधिकारियों की व्यक्तिगत जिम्मेदारी तय कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

बैठक में अपर जिलाधिकारी (प्रशा) स्मृता परमार, एमडीडीए के संयुक्त सचिव गौरव चटवाल, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी शशिकांत गिरी, लोनिवि के अधिशासी अभियंता नीरज कुमार, जल संस्थान के अधिशासी अभियंता राजेन्द्र पाल, जिला क्रीडा अधिकारी एस गुरंग, जिला शिक्षा अधिकारी प्रेमलाल भारती, डीपीओ जीतेन्द्र कुमार, जिला प्रावेशन अधिकारी मीना बिष्ट सहित अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

जिला सूचना अधिकारी, देहरादून।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button